महिला आरक्षण बिल: सरकार के लिए दो-तिहाई बहुमत जुटाना बनी बड़ी चुनौती, आज शाम होगी निर्णायक वोटिंग

Women’s Reservation Bill

लोकसभा में महिला आरक्षण और परिसीमन से जुड़े अहम विधेयकों को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। केंद्र सरकार द्वारा पेश किए गए संविधान (131वां संशोधन) विधेयक, परिसीमन विधेयक और केंद्र शासित प्रदेश कानून (संशोधन) विधेयक के भविष्य को लेकर सवाल खड़े होने लगे हैं। ताज़ा घटनाक्रम के अनुसार, सरकार के लिए सदन में आवश्यक दो-तिहाई बहुमत हासिल करना एक कठिन चुनौती के रूप में उभरा है।

शुरुआती वोटिंग ने बढ़ाई चिंता विधेयक पेश किए जाने के दौरान हुए शुरुआती मत विभाजन के आंकड़ों ने सरकार की राह मुश्किल होने के संकेत दिए हैं। सदन में उपस्थित 436 सांसदों में से 185 ने सरकार के खिलाफ वोट किया। इसका अर्थ है कि लगभग 42% सांसद पहले ही चरण में विधेयक के विरोध में खड़े नजर आए। यह आंकड़ा सरकार के लिए खतरे की घंटी माना जा रहा है क्योंकि किसी भी संविधान संशोधन विधेयक को पारित कराने के लिए दो-तिहाई बहुमत की अनिवार्यता होती है।

संख्या बल का गणित वर्तमान में लोकसभा की प्रभावी संख्या 540 है। इस आधार पर किसी भी संवैधानिक बदलाव के लिए कम से कम 360 सांसदों का समर्थन जरूरी है। सत्ता पक्ष के पास वर्तमान में 293 सांसद हैं। यदि विपक्ष पूरी तरह एकजुट रहता है और वोटिंग में हिस्सा लेता है, तो सरकार के लिए 360 का आंकड़ा छूना बेहद मुश्किल होगा। हालांकि, यदि वोटिंग के दौरान विपक्षी खेमे से लगभग 101 सांसद अनुपस्थित रहते हैं, तभी सरकार का मौजूदा संख्या बल (293) दो-तिहाई बहुमत की शर्त को पूरा कर पाएगा।

विपक्ष की रणनीति और TMC का रुख तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने स्पष्ट कर दिया है कि वह किसी भी हाल में भाजपा की मदद नहीं करेगी। पार्टी का दावा है कि उसके सभी 20 सांसद वोटिंग के दौरान सदन में मौजूद रहेंगे और विरोध में मतदान करेंगे। विपक्ष की इस मजबूती ने सरकार के रणनीतिकारों को फिर से सोचने पर मजबूर कर दिया है।

आज शाम 4 बजे होगा फैसला शुक्रवार को विधेयक पर चर्चा पूरी होने के बाद शाम 4 बजे ‘डिवीजन’ यानी मत विभाजन की प्रक्रिया शुरू होगी। इस दौरान ऑटोमेटिक वोट रिकॉर्डर सिस्टम के जरिए सांसद अपनी राय दर्ज करेंगे। पूरे देश की नजरें आज शाम होने वाली इस वोटिंग पर टिकी हैं कि क्या सरकार आवश्यक समर्थन जुटाने में सफल रहती है या यह बिल एक बार फिर अटक जाएगा।

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